गुड फैट्स और बैड फैट्स में जानें अंतर

know difference between Good Fats and Bad Fats

जब भी डाइट की बात आती है तो फैट की बात करना और इसके प्रभाव को समझना सबसे ज्यादा जरुरी होता है। फैट के बारे में समझना इसलिए भी जरुरी हो जाता है, क्योंकि फैट हृदय संबंधी बीमारियों के लिए जिम्मेदार तो होता ही है साथ ही ये डायबिटीज और मोटापे जैसी बीमारियों को भी न्यौता देता है। लेकिन सारे फैट एक समान नहीं होते, कुछ फैट दूसरे फैट से अच्छे होते हैं, साथ ही वे अच्छी सेहत के लिए भी लाभकारी होते हैं। इनके अंतर को जानकर आप अच्छे फैट का इस्तेमाल कर सकते हैं और बुरे फैट को ना कह सकते हैं। [ये भी पढ़ें: एंटी-ऑक्सीडेंट्स से भरपूर खाद्य पदार्थों को करें आहार में शामिल]

फैट के फैक्ट्स: आहार के लिए उपयोगी वसा यानि की डायटरी फैट जिसे फैटी एसिड भी कहा जाता है वो पौधों और जानवरों दोनों में पाया जाता है। इनमें से कुछ निश्चित फैट शरीर के लिए हानिकारक होते हैं, जबकि कुछ फैट शरीर के लिए लाभकारी होते हैं। जैसे प्रोटीन और कार्बोहाइड्रेट आपके शरीर को एनर्जी देने के लिए ईंधन का काम करते हैं। सभी फूड और तेल में फैटी एसिड होता है लेकिन इसका प्रमुख प्रकार और उसकी मात्रा इसे गुड फैट और बैड फैट बनाते हैं।

बुरे फैट्स क्या होते हैं: फैट्स दो तरह के होते हैं सैचुरेटेड फैट्स और ट्रांस-फैट्स जो की आपके दिल के लिए खतरनाक होते हैं।

सैचुरेटेड फैट्स : ये मुख्यत जानवरों में पाया जाता है, ये हाइ फैट मीट और डेयरी उत्पादों में मिलता है। इसके अलावा बीफ, पोर्क चिकन आदि के मीट में, डेयरी पदार्थों आदि में पाया जाता है।

सैचुरेटे फैट की अधिक मात्रा होने पर यह पर यह शरीर में कैलेस्ट्रोल के स्तर को बढ़ा देता है और निम्न घनत्व वाले लिपोप्रोटीन के स्तर को बढ़ा देता है। जो की हार्ट की सेहत के लिए खतरनाक होता है और साथ ही टाइप -2 तरह के डायबिटीज का खतरा होता है।

ट्रांस फैट्स: हाइड्रोजिनेटेड वेजिटेबल ऑयल में ट्रांस फैट पाया जाता है जिसे ट्रांस फैटी एसिड कहते हैं। ये आपकी सेहत के लिए हानिकारक हो सकते हैं इनमें बेक्ड खाद्य पदार्थ (कुकीज़, केक, पेस्ट्री), स्नैक फूड, फ्राइट फूड आदि शामिल हैं। सैचुरेटेड फैट और ट्रांस फैट एलडीएल कैलेस्ट्रोल के स्तर को बढ़ा देता है, जो की शरीर के लिए हानिकारक होता है।[ये भी पढ़ें:किफायती आदतें जिन्हें सीखकर आप अपनी सेहत को बना सकते हैं बेहतर]

क्या होते हैं अच्छे फैट्स: मोनो सैचुरेटेड और पॉली सैचुरेटेड फैट्स दिल के स्वास्थ्य के लिए अच्छे मानें जाते हैं जो की आपकी रोजाना की डाइट में शामिल किए जा सकते हैं। वे खाद्य पदार्थ जिनमें गुड फैट होता है वे कमरे के ताप पर पिघली हुई अर्थात तरल अवस्था में रहते हैं जैसे की वेजिटेबल ऑयल।

अच्छे फैट्स वाले भोज्य पदार्थ:
मोनो सैचुरेटेड फैट्स: इस तरह का फैट अलग-अलग तरह के खाने और तेल में मौजूद होता है। यह खून में कैलेस्ट्रोल के स्तर को नियंत्रित करता है और कार्डियोवेस्कुलर बीमारी के खतरे को कम करता है।

  • नट्स (बादाम, काजू, मूंगफली, पेकान)।
  • वनस्पति तेल (जैतून का तेल, कैनोला तेल, मूंगफली तेल)।
  • मूंगफली का मक्खन और बादाम का मक्खन।
  • एवोकाडो आदि शामिल हैं।

पॉली सैचुरेटेड फैट्स: ये फैट पौधे से और उससे जनित पदार्थों से प्राप्त होता है। ये फैट्स दिल की बीमारी के खतरे को कम करते हैं क्योंकि ये रक्त में कैलेस्ट्रोल के स्तर को नियंत्रित करते हैं। इसमें मौजूद ओमेगा फैटी एसिड-3 हार्ट के लिए फायदेमंद होता है। यह सॉल्मन, हिलसा और सार्डिन में पाया जाता है इसके अलावा ये वालनट्स, फलैक्स सीड्स में भी पाया जाता है। यह आपकी डाइट के लिए महत्वपूर्ण और लाभकारी फैट्स होते हैं।[ये भी पढ़ें: पानी पीने के लिए प्लास्टिक बोतल का इस्तेमाल गलत क्यों हैं, जानें इसके साइड इफेक्ट्स]

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