पैक्ड फूड आपके स्वास्थ्य के लिए क्यों हानिकारक होते हैं

harmful effects of packed foods on your health

आजकल के व्यस्त शिड्यूल की वजह से लोग जल्दी बनने वाले भोजन का सेवन करना पसंद करते हैं। इसे बनाने में ज्यादा समय भी नहीं लगता है और यह आसानी से मिल भी जाते है। वैसे तो हम ऐसे कई फूड का सेवन करते हैं जो प्रोसेस्ड होते हैं लेकिन इन फूड्स को बनाने के तरीका अलग होता है। इनमें केमिकल का इस्तेमाल किया जाता है जो शरीर के लिए हानिकारक होते हैं। इनका सेवन करने से शरीर कई स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं से ग्रसित हो सकता है। तो आइए आपको पैक्ड फूड के सेवन से होने वाल दुष्प्रभावों के बारे में बताते हैं। [ये भी पढ़ें: जुराबों के बिना जूते पहनने से क्या होता है]

अधिक मात्रा में शुगर होती है: पैक्ड फूड में बहुत अधिक मात्रा में फ्रक्टोज कॉर्न सिरप होता है। जिसका अत्यधिक मात्रा में सेवन करने से गंभीर समस्याएं हो सकती हैं। नेशनल सेंटर फॉर बायोटैक्नोलॉजी की एक रिसर्च के अनुसार शुगर मैटाबॉल्जिम पर प्रभाव डालती है जिसकी वजह से इंसुलिन प्रतिरोध, उच्च ट्राइग्लिसराइडस के साथ बुरे कोलेस्ट्रॉल का स्तर बढ़ जाता है साथ ही लिवर में फैट एकत्रित होने लगता है।

उच्च मात्रा में कार्बोहाइड्रेट होता है: बहुत से लोगों को लगता है कि शरीर को ऊर्जा कार्बोहाइड्रेट से मिलती है। साबुत अनाज में मौजूद कार्बोहाइड्रेट रिफाइंड कार्बोहाइड्रेट से बेहतर होता है। प्रोसेस्ड फूड में रिफाइंड कार्बोहाइड्रेट होते हैं जो शरीर के लिए हानिकारक होते हैं। रिफाइंड कार्बोहाइड्रेट पाचन तंत्र में बहुत जल्दी टूट जाता है जिससे ब्लड शुगर में इंसुलिन का लेवल एकदम से बढ़ जाता है। मगर कुछ समय बाद दोबारा से कार्बोहाइड्रेट का सेवन करने की इच्छा होती है क्योंकि ब्लड शुगर लेवल कम होने लगता है। जिसकी वजह से स्वास्थ्य पर नकारात्मक प्रभाव पड़ता है। [ये भी पढ़ें: हानिकारक बैक्टीरिया से अपनी आंखों को कैसे बचाएं]

कम मात्रा में पोषक तत्व: पैक्ड फूड में बाकि फूड की तुलना में बहुत ही कम मात्रा में पोषक तत्व होते हैं। कुछ फूड में सिंथेटिक विटामिन और मिनरल मिलाएं जाते हैं लेकिन प्रोसेसिंग के दौरान खत्म हो जाते हैं। पैक्ड फूड का सेवन करने से शरीर में पोषक तत्वों की मात्रा कम हो जाती है।

कम मात्रा में फाइबर: फाइबर खासकर घुलनशील फाइबर शरीर के लिए फायदेमंद होता है। यह आंतों में मौजूद फायदेमंद बैक्टीरिया को फीड करता है साथ ही प्रीबायोटिक की तरह काम करता है। इसके साथ ही फाइबर कार्बोहाइड्रेट के अवशोषण को कम करने में मदद करता है जिससे व्यक्ति को पेट भरा हुआ महसूस होता है।

अतिरिक्त खाने लगते हैं: हम सभी को अच्छा भोजन करने का मन करता है। मीठा, नमकीन खाना देखकर हमारी भूख बढ़ जाती है। जिसकी वजह से हम ज्यादा खाने लगते हैं और वजन अत्यधिक बढ़ने लगता है जो स्वास्थ्य के लिए हानिकारक होता है। [ये भी पढ़ें: संकेत जो बताते हैं आपका हृदय सही तरीके से काम नहीं कर रहा है]

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