After Miscarriage: गर्भपात के बाद कैसे रिकवर करें

Read in English
Recover after miscarriage

Miscarriage: गर्भपात के बाद रिकवर होने में समय लगता है।

गर्भपात महिलाओं के लिए एक बहुत मुश्किल समय होता है। गर्भावस्था के दौरान महिलाओं को अपने भ्रूण से बहुत लगाव हो जाता है। प्रेग्नेंसी के दौरान 20वीं हफ्ते से पहले भ्रूण की हत्या हो जाने को गर्भपात कहते हैं। ऐसा तब होता है जब भ्रूण अचानक से गर्भाश्य से बाहर आ जाता है। गर्भपात के कई कारण हो सकते हैं। जिसकी वजह से मानसिक के साथ महिलाओं के शारीरिक स्वास्थ्य पर भी असर पड़ता है। गर्भपात के दौरान गर्भाशय सबसे ज्यादा प्रभावित होता है। इस दौरान शरीर को रिकवर होने में समय लगता है। गर्भपात के बाद शरीर को रिकवर होने के लिए कुछ तरीकों की मदद ली जा सकती है। यह तरीके यूट्रस को जल्दी रिकवर करने में मदद करते हैं। तो आइए आपको इस तरीकों के बारे में बताते हैं। [ये भी पढ़ें: किन प्रमुख कारणों से हो सकता है गर्भपात]

After Miscarriage: गर्भपात के बाद रिकवर होने तरीके

स्वस्थ डाइट
हॉट कंप्रेस
खुद को हाइड्रेट रखें
मसाज करें
हर्बल तरीके

स्वस्थ डाइट: स्वस्थ डाइट के सेवन से आपके शरीर को पहले की तरह स्वस्थ होने के लिए पोषक तत्व मिलते हैं। अंडे, चीज, फल और हरी सब्जियां शरीर को मजबूती प्रदान करने में मदद करते हैं। जिससे आप शारीरिक के साथ मानसिक रुप से भी स्वस्थ होते हैं। [ये भी पढ़ें: गर्भाशय को स्वस्थ रखने के लिए करें इन फूड्स का सेवन]

हॉट कंप्रेस: गर्भपात के बाद पेट के निचले हिस्से में दर्द होता है। जिसे हॉट पैक से कम किया जा सकता है। पेट के निचले हिस्से में हॉट कंप्रेस का इस्तेमाल करें। इससे यूट्रस को गर्माहट मिलेगी और वह अपने सामान्य आकार में आ जाएगा।

खुद को हाइड्रेट रखें: रिकवर होने के लिए हाइड्रेट रहना बेहद जरुरी होता है। खूब सारे फ्लूइड के साथ गर्म सूप का सेवन करें। यह हीलिंग में मदद करता है। इस दौरान कैफीन के सेवन से दूर रहें।

मसाज करें: प्रजनन अंगों में रक्त संचार के लिए मसाज सबसे अच्छा तरीका है। अगर रक्त प्रवाह को उत्तेजित किया जाए तो इससे गर्भाशय जल्द ही अपने आकार में आ जाता है।

हर्बल तरीके: रेड रेस्पबेरी और चेरी प्लम में आयरन और कैल्शियम जैसे पोषक तत्व होते हैं जो गर्भाश्य को जल्दी रिकवर करने में मदद करते हैं। साथ ही यह हार्मोन्स को संतुलित करने में मदद करते हैं और डिप्रेशन के लक्षणों को कम करता है।

[जरुर पढ़ें: कितने प्रकार से हो सकता है गर्भपात]

गर्भपात के बाद शरीर को रिकवर होने में समय लगता है। इस आर्टिकल को इंग्लिश(English)में भी पढ़ें।

उपयोग की शर्तें

" यहाँ दी गयी जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्‍तविकता सुनिश्‍चित करने का हर सम्‍भव प्रयास किया गया है । यहाँ सभी सामग्री केवल पाठकों की जानकारी और ज्ञानवर्धन के लिए दी गई है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि यहाँ दिए गए किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्‍सक से अवश्‍य संपर्क करें। आपका चिकित्‍सक आपकी सेहत के बारे में बेहतर जानता है और उसकी सलाह का कोई विकल्‍प नहीं है। अगर यहाँ दिए गए किसी उपाय के इस्तेमाल से आपको कोई स्वास्थ्य हानि या किसी भी प्रकार का नुकसान होता है तो lifealth.com की कोई भी नैतिक जिम्मेदारी नहीं बनती है। "