नकारात्मक विचारो को अपने दिमाग से निकालकर रहें खुशहाल

Negative Ways of Thinking You Need to Stop Today

हम सभी के भीतर दो तरह के विचार होते है एक सकारात्मक और दूसरा नकारात्मक। जो भी विचार व्यक्ति में हावी हो जाता हैं व्यक्ति उस तरह के विचारों वाला बन जाता है। ऐसे में जरुरी है कि व्यक्ति अपने भीतर सिर्फ और सिर्फ सकारात्मक विचार ही अपने जेहन में लाये। हम सभी रोजाना कुछ न कुछ नकारत्मक विचार अपने भीतर लाते हैं जिन्हें पहचान कर उन्हें दूर करना बेहद जरुरी है। आइए जानते हैं कुछ ऐसे नकारात्मक विचारों के बारे में जिनको आपको दूर करना जरूरी है। [ये भी पढ़ें: ऐसी बातें जो आपको खुशियों से दूर करती हैं]

अपने आप को हमेशा दूसरों से नीचे मानना: इस तरह के विचार हर उस व्यक्ति में देखने को मिलता है जिनकी सोच में नकारात्मकता का स्तर बहुत ज्यादा होता है। ऐसे लोगों अपने आप को बाकियों से बहुत ज्यादा कमजोर और कमतर समझने लगते हैं, जिसके कारण वह अपने जीवन में कभी आगे नहीं बढ़ पाते हैं। यदि आप भी ऐसी ही सोच रखते हैं तो इस तरह की सोच को आज ही अपने दिमाग से निकाल दें। क्योंकि इस तरह की सोच के साथ आप कभी भी आगे नहीं बढ़ पाएंगे।

बिना कोशिश के हार मान जाना:
negative-ways-of-thinking-you-need-to-stop-todaबहुत से ऐसे लोग होते हैं जो किसी काम को किए बिना ही अपने मन से ही हार मान लेते हैं। ऐसा उन लोगों के साथ होता है जिनमें आत्मविश्वास की कमी होती है। ऐसे लोग अपनी जिम्मेदारियों से भागते हैं। इस कारण जीवन में आने वाले सुनहरे मौकों को ठीक से पहचान नहीं पाते हैं और आगे नहीं बढ़ पाते है। यदि आप भी सी तरह के नकारात्मक विचार के साथ जीवन बीता रहे हैं तो आज ही इस विचार को अपने जीवन और दिमाग दोनों से निकाल दें। [ये भी पढ़ें: इन तरीको से मापी जा सकती है ख़ुशी]

यह सोचना कि अपने सपनों के लिए आपके पास समय नहीं है: हम सभी के अपने-अपने कुछ सपने होते हैं कुछ न कुछ लक्ष्य होते हैं। कुछ ऐसे भी लोग होते हैं जिनके पास सपने तो होते हैं, लेकिन उन्हें पूरा करने के लिए समय नहीं होता है। वह अपने सपने के पूरे न होने पाने के पीछे समय को दोष देते हैं। वह इस बात को लेकर हमेशा बोलते हैं कि उनके पास अपने सपनों को पूरा करने समय नहीं मिला। यही भी एक नकारात्मक विचारधारा है, जिसे आपको छोड़ देना चाहिए।

यह सोचना कि बाकियों की जिंदगी आपसे बेहतर है: यह हम सभी के साथ होता है, हम अपने दुःख से कम और दूसरों के सुख से ज्यादा दुखी होते हैं। काफी लोग बस इस बात को लेकर हमेशा दुखी रहते हैं कि जो हमारे सामने वाले के पास है वह हमारे पास नहीं है। इस कारण अपने काम पर ध्यान नहीं लगा पाते और जिसकी वजह से कभी भी आगे नहीं बढ़ पाते हैं। अगर आप भी इस तरह के विचारों को लेकर जी रहें हैं तो इस विचार को आज ही त्याग दें। [ये भी पढ़ें: मन की संतुष्टि है खुश रहने का मूल मंत्र]

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