जानें क्या है तंत्र मेडिटेशन और क्या है इस से होने वाले फायदे

know about tantra meditation and its benefits

अगर आपको अध्यात्म, मेडिटेशन या योग के बारे में थोड़ी भी जानकारी होगी तो आपने तंत्र या तंत्र मेडिटेशन के बारे में जरुर सुना होगा। तंत्र मेडिटेशन एक प्रकार का मेडिटेशन है जिसमे शरीर की गति, सांस और ध्वनि के जरिये शरीर में मौजूद चक्र ऊर्जा को महसूस किया जाता है। ऐसा करने से शरीर में मौजूद कुण्डलिनी के जागृत होने की संभावनाएं बढती है। कई लोगो को लगता है की तंत्र मेडिटेशन का सम्बन्ध केवल काम ऊर्जा( सेक्स एनर्जी) से है लेकिन ऐसा नहीं है। तंत्र मेडिटेशन यौन जीवन को तो बेहतर बनता ही है साथ ही इसके कई और फायदे होते हैं। आईये जानते हैं तंत्र मेडिटेशन करने के तरीके और इस से होने वाले फायदों के बारे में। [ये भी पढ़ें: बौद्ध मेडिटेशन से अपने अंदर जगाएं दया और प्रेम की भावना]

तंत्र मेडिटेशन करने का एक तरीका: आराम से बैठ जाएं और इस बात का ध्यान रखें की आपके पैर जमीन के स्पर्श में हों। जोर से सांसें लें और अपने रीढ़ की हड्डी को सीधा करें। कल्पना करें की आसमान से लटकी एक रस्सी आपके सिर को आसमान की तरफ खींच रहीं हों और आपके शरीर के नीचले हिस्से की हड्डी(टेलबोन)को पृथ्वी के गर्भ से जोड़ रही है। अपनी ठुड्डी को जमीन से समानांतर रखें। अब अपने जीभ को अपने मुंह के छत से स्पर्श कराएं और कल्पना करें की आपके भौं के ऊपर, दोनों आँखों के बीच एक सुनहरी गेंद हो। नाक से सांस ले और कल्पना में इस सुनहरे गेंद को घुमाने अपने आंखों के बीच और अपने शरीर के नीचली हड्डी के पास घुमाने की कोशिश करें और इस बीच अंगेजी के हंग(hung) शब्द का जाप करें। नाक से सांस छोड़ें, और सुनहरे गेंद को वापस रीढ़ की हड्डियों से होते हुए आंखों के बीच ले आयें और इस बीच ‘स्व’ शब्द का जाप करें। इस मंत्र को जाप करते हुए आप अपने आस्तित्व को पृथ्वी के साथ जोड़ते हैं। इस मेडिटेशन को रोजाना सुबह 5 मिनट के लिए करें और धीरे-धीरे समय बढाते-बढाते 20 मिनट तक कर दें।

तंत्र मेडिटेशन के फायदे:

यौन जीवन को खुशहाल बनाता है: नियमित रूप से तंत्र मेडिटेशन करने से व्यक्ति का यौन जीवन बेहतर बनता है। दरअसल तंत्र मेडिटेशन करने से व्यक्ति को खुद के, पूरी दुनिया के और अपनी साथी के आस्तित्व का पता चलता है जिस से व्यक्ति अपने साथी के शारीरिक, मानिसक और आत्मिक ऊर्जा से अपनी उर्जा के साथ संपर्क बिठा पाता है और व्यक्ति का यौन जीवन में अध्यात्म का अध्याय जुड़ जाता है। [ये भी पढ़ें: जानें ओम शब्द से जुड़ी कुछ खास बातें और इसके उच्चारण से होने वाले फायदे]

स्वास्थ्य को बढाता है तथा जवान रखता है: तंत्र मेडिटेशन करने से आदमी का स्वास्थ्य बढ़ता है। शरीर में बह रहे ऊर्जा के बहाव को तंत्र मेडिटेशन की वजह से नियंत्रित किया जा सकता है। माइग्रेन, यूरिनरी ट्रैक्ट इन्फेक्शन, कमजोर प्रतिरक्षा प्रणाली इत्यादि समस्या तंत्र मेडिटेशन की मदद से दूर होती है और व्यक्ति स्वस्थ रहता है।

मानसिक स्वास्थ्य बेहतर रहता है:
नियमित रूप से तंत्र मेडिटेशन करने से व्याक्ति का मानसिक स्वास्थ्य भी बेहतर होता है। तंत्र मेडिटेशन सीधे तौर पर दिमाग और शरीर में बह रहे ऊर्जा के बहाव से जुड़ा होता है इसलिए नियमित रूप से तंत्र मेडिटेशन करने से मानसिक स्वास्थ्य मजबूत बनता है।

तंत्र मेडिटेशन आनंद के द्वार को खोलता है:
तंत्र मेडिटेशन के जरिये न केवल आप खुद से बल्कि अपने साथी से भी दिव्य रूप से जुड़ जाते हैं जिस से आप सामान्य की तुलना में अपने यौन जीवन को बेहतर तरीके से जीना शुरू करते हैं। यौन जीवन के अलावा तंत्र मेडिटेशन जीवन में संतुष्टि का एहसास कराता है तथा व्यक्ति का अपनी इच्छाओं पर नियंतरण बढ़ जाता है जिस से व्यक्ति हमेशा खुश रहता है। [ये भी पढ़ें: जानें कुण्डलिनी चक्र कैसे आपके स्वास्थ्य को प्रभावित करते हैं]

    उपयोग की शर्तें

    " यहाँ दी गयी जानकारी की सटीकता, समयबद्धता और वास्‍तविकता सुनिश्‍चित करने का हर सम्‍भव प्रयास किया गया है । यहाँ सभी सामग्री केवल पाठकों की जानकारी और ज्ञानवर्धन के लिए दी गई है। हमारा आपसे विनम्र निवेदन है कि यहाँ दिए गए किसी भी उपाय को आजमाने से पहले अपने चिकित्‍सक से अवश्‍य संपर्क करें। आपका चिकित्‍सक आपकी सेहत के बारे में बेहतर जानता है और उसकी सलाह का कोई विकल्‍प नहीं है। अगर यहाँ दिए गए किसी उपाय के इस्तेमाल से आपको कोई स्वास्थ्य हानि या किसी भी प्रकार का नुकसान होता है तो lifealth.com की कोई भी नैतिक जिम्मेदारी नहीं बनती है। "