रिश्ते में चुप्पी साध लेना आपको कैसे नुकसान पहुंचाता है

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silent treatment is harmful for relationship

चुप्पी साध लेने से आपके रिश्ते में कई समस्याएं हो सकती हैं।

रिलेशनशिप हर समय परफेक्ट हो ऐसा जरुरी नहीं होता है। एक समय में आप दोनों एक दूसरे को बहुत अच्छे से समझते हैं लेकिन कई बार आप एक-दूसरे को बिल्कुल भी नहीं समझ पाते हैं। लड़ाई करने में कोई बुराई नहीं है जब तक आप मिच्यौर तरीके से इसे संभाल सकें। कुछ लोग किसी समस्या से डील करने के लिए चुप्पी साध लेते हैं। इसे साइलेंट ट्रीटमेंट(Silent Treatment) भी कहते हैं। साइलेंट ट्रीटमेंट में समस्या को सुलझाने की बजाय आप अपने पार्टनर से बात करना बंद कर देते हैं। इससे रिलेशनशिप टूट भी सकता है। इसलिए ऐसा करने से बचना चाहिए और आपस में बात करके समस्या को सुलाझाने की कोशिश करनी चाहिए। तो आइए आपको बताते हैं कि रिश्ते में चुप्पी साध लेना क्यों गलत होता है। [ये भी पढ़ें: किस के जरिए जानें कि आपका रिश्ता सामान्य है या कुछ ख़ास]

साइलेंट ट्रीटमेंट(silent Treatment) का रिलेशनशिप पर प्रभाव

गलतफहमियां(Misunderstanding) पैदा कर देना
रिश्ते का सम्मान ना करना
समस्याओं से दूर भागते हैं
इमोशनल अब्यूस(Emotional Blackmail) होता है
कोई परिणाम ना होना

गलतफहमियां पैदा कर देना:

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चुप्पी साध लेने से आपके रिश्ते में गलतफहमियां हो जाती हैं।

अगर आपको लगता है कि चुप हो जाने से आपके पार्टनर को समझ आ जाएगा कि रिश्ते में कुछ परेशानी चल रही है तो यह आपकी गलतफहमी है। चुप्पी साध लेने से आपकी परेशानी कम होने की बजाय बढ़ जाती है और गलतफहमियां बढ़ती जाती हैं।

रिश्ते का सम्मान ना करना: जब आप अपने साथी से बात करना बंद कर देते हैं तो यह रिश्ते के प्रति सम्मान ना करना दिखाता है। सम्मान ना करने से मतलब सिर्फ साथी से इज्जत से बात ना करना नहीं होता है बल्कि रिश्ते को भी सम्मान देना जरुरी होता है।

समस्याओं से दूर भागते हैं:

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समस्याओं से दूर भागना किसी समस्या का हल नहीं होता है।

हर रिश्ते में बहुत सारी समस्याएं होती हैं जिन्हें सुधारना बेहद जरुरी होता है। लेकिन जब आप चुप्पी साध लेते हैं तो इसका मतलब यह है कि आप परेशानियों को सुलझाने की बजाय उनसे दूर भाग रहे होते हैं।

इमोशनल ब्लैकमेल(Emotional blackmail) होता है: जब आप अपने साथी से बात करना बंद कर देते हैं तो आपको समझना चाहिए कि यह एक प्रकार का इमोशनल ब्लैकमेल होता है। अगर आप रिश्ते को बेहतर बनाना चाहते हैं तो इन सभी चीजों से दूर रहना चाहिए।

कोई परिणाम ना होना: थोड़ी देर के लिए अकेले बैठें और सोचें की साइलेंट ट्रीटमेंट से क्या फायदा होने वाला है। इससे आपके रिश्ते को सिर्फ नुकसान ही पहुंचता है। किसी भी बहस के बाद अपने पार्टनर के साथ बैठकर बात करना ही सही तरीका होता है।

[जरुर पढ़ें: कारण जिनसे लोग प्यार से दूर होते जाते हैं]

रिलेशनशिप में प्यार, सम्मान, लड़ाई-झगड़ा सब होता है। लेकिन गुस्सा हो जाने के बाद या बेवजह चुप्पी साध लेना गलत होता है। इस आर्टिकल को इंग्लिश(English) में भी पढ़ें।

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