कितने प्रकार की होती हैं इमरजेंसी गर्भनिरोधक गोलियां

types of emergency contraception pills

इमरजेंसी गर्भनिरोधक गोलियों (ईसीपी) को पोस्टकोलिअल गर्भनिरोधक गोलियां भी कहते हैं। यह महिलाओं के शरीर में हार्मोन लेवल में बदलाव करती हैं। वह भी गर्भनिरोधक गोलियां और अन्य हार्मोनल तरीके की तरह काम करती है। इनका सेवन करने से शरीर में सिंथेटिक हार्मोन पैदा होते हैं जो प्रेग्नेंसी और ओव्यूलेशन के लिए जरुरी हार्मोन के उत्पादन को बाधित करते हैं। ईसीपी प्रेग्नेंसी रोकने के लिए निषेचन को रोकती हैं। ज्यादातर महिलाएं इसका इस्तेमाल कर सकती हैं अगर उन्होंने गर्भनिरोधक गोलियों का उपयोग नहीं किया है। ईसीपी कई प्रकार की आती है। तो आइए आपको इसके प्रकार के बारे में बताते हैं। [ये भी पढ़ें: बर्थ कंट्रोल शॉट के इस्तेमाल से शरीर पर दिख सकते हैं ये दुष्प्रभाव]

इमरजेंसी गर्भनिरोधक गोलियों के प्रकार: इमरजेंसी गर्भनिरोधक गोलियां तीन प्रकार की होती हैं। एक जिसमें केवल प्रोजेस्टिन होते हैं, गोलियां जिसमें प्रोजेस्टिन और एस्ट्रोजन दोनों होते हैं, जिसमें एंटीप्रोजेस्ट्रिन उल्लिप्रिस्टेल एसीटेट होते हैं।

पहला प्रकार : प्रोजेस्टिन ईसीपी कॉम्बीनेशन पिल्स से थोड़ी ज्यादा प्रभावी होती हैं। जिनके कारण कुछ साइड इफेक्ट होने का खतरा रहता है। इसमें सिर्फ प्रोजेस्टिन होता है। [ये भी पढ़ें: गर्भधारण को रोकने के अलावा और भी काम करती हैं गर्भनिरोधक दवाइयां]

दूसरा प्रकार: दूसरी तरह की ईसीपी में एस्ट्रोजन और प्रोजेस्ट्रिन दोनों होते हैं। कोई भी ऐसी कॉम्बीनेशन पिल्स नहीं है जिसमें ये दोनों चीजें हों। लेकिन अगर गर्भनिरोधक गोलियां को सेवन बढ़ा दिया जाए तो वह ईसीपी की तरह काम करती हैं।

तीसरा प्रकार: यह तीसरा प्रकार अभी नया है। यह एंटीप्रोजेस्ट्रिन पिल्स होती हैं। यह प्रोजेस्ट्रिन पिल्स से ज्यादा प्रभावी होती है और गर्भधारण रोकने में मदद करती हैं।

उपयोग करते समय सावधानी: ईसीपी कम समय के लिए इस्तेमाल की जाती है। कई महिलाओं को सलाह दी जाती है कि वह अगर ईसीपी का सेवन कर रही हैं तो गर्भनिरोधक गोलियों का सेवन करना बंद कर दें। अगर आपको कोई गंभीर स्वास्थ्य संबंधी समस्या है तो रोजाना गर्भनिरोधक गोलियों का सेवन किया जा सकता है। अगर आपको लगता है कि आप गर्भधारण कर चुकी हैं तो ईसीपी का सेवन करने से पहले प्रेग्नेंसी टेस्ट जरुर कर लें। अगर महिला गर्भधारण कर चुकी है तो उन्हें ईसीपी का सेवन नहीं करना चाहिए, इसलिए नहीं क्योंकि यह नुकसानदाक होती है बल्कि यह गर्भधारण को प्रभावित कर सकती हैं। अगर ईसीपी का सेवन करने के बाद गर्भधारण होता है तो भ्रूण को खतरा होने की संभावना कम हो जाती है।

कैसे करें इस्तेमाल: कुछ लोग ईसीपी को मॉर्निंग ऑफ्टर पिल्स भी कहते हैं। लेकिन आपको सुबह तक इंतजार करने की जरुरत नहीं है। आप यौन संबंध बनाने के 5 दिन बाद इसका इस्तेमाल कभी भी कर सकती हैं। [ये भी पढ़ें: क्या हैं मिनी पिल्स और गर्भनिरोध में कैसे हैं प्रभावी]

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