लिवर को स्वस्थ रखने के लिए सहारा लें इन योगासनों का

yoga poses beneficial for liver health

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लीवर शरीर के मुख्य अंगों में से एक हैं इसलिए इसका ख्याल रखना बेहद जरुरी है। आज के दौर में सही खान-पान ना होने के कारण और गलत जीवन शैली का खामियाजा लीवर को भुगतना पड़ता है। लीवर अगर सही तरीके से काम नहीं करता है तो आपको तमाम तरह की समस्याएं उत्पन्न हो सकती हैं। लीवर को स्वस्थ्य रखने के लिए सही आहार और लाइफस्टाइल के अलावा आप योग का भी सहारा ले सकते हैं। कई ऐसे योगासन है जिनको अगर नियमित रूप से किया जाये तो लीवर की कई तरह की समस्याओं से निजात पाया जा सकता है। [ये भी पढ़ें: बाह्य प्राणायाम करने की सही तकनीक और इससे होने वाले फायदे]

1.धनुरासन:

धनुरासन को बो पोज यानी धनुष मुद्रा के नाम से भी जाना जाता है। यह आसन उन लोगों के लिए बेहद ही फायदेमंद होता है जिनमें लीवर सम्बन्धी समस्या होती है। यह आसन लीवर को मजबूत करता है तथा लीवर में खिंचाव उत्पन्न कर लिवर में जमा वसा को ऊर्जा के रूप में इस्तेमाल करता है। यह आसन करने में कठिन नहीं होता है।

  •  इसे करने के लिए सबसे पहले पेट के बल लेट जाएं और अपने पैरो को पीछे की तरफ उठायें।
  • अब अपने हाथों को पीछे की तरफ ले जाएं और हाथों से पैर को इस तरह पकडे की शरीर धनुष के आकार में आ जाए।
  •  इस अवस्था में तब तक रहें जब तक आप रह सकते हैं।
  •  अब पहले की अवस्था में आ जाये और दोबारा फिर इस प्रक्रिया को दोहराएं।

2. गोमुखासन:

इस पोज को काऊ फेस पोज के नाम से भी जाना जाता है। यह आसन सिरोसिस की समस्या से निजात पाने के लिए एक बेहतरीन आसन है। लीवर सिरोसिस की समस्या से जूझ रहे लोगों के में लीवर हानिकारक तत्वों को बाहर निकलने में असमर्थ हो जाता है। यह आसन करने से लीवर में ऑक्सीजन और खून का संचार सही हो जाता है जिससे लीवर सिरोसिस की समस्या से राहत मिलती है। [ये भी पढ़ें: पैरों को मजबूत बनाने के लिए करें ये योगासन]

  • इस आसन को करने के लिए जमीन पर दोनों पैर सीधे फैलाकर बैठ जाएं। अब दायें पैर को बायीं तरफ इस तरह रखें की दायें पैर की पिंडलियां बाएं पैर को जांघ पर हो। बाएं पैर को भी इसी तरह दायें पैर पर रखें।
  • अब अपने रीढ़ की हड्डी को सीधा रखें।
  • अब अपने एक हाथ को पसलियों की तरफ से पीछे की तरफ ले जाएं और दुसरे हाथ को कंधे की तरफ से पीछे की तरफ ले जाएं।
  • अब पीछे दोनों हाथों को जोड़ लें।

3. नौकासन:

इस योगासन को बोट पोज के नाम से जाना जाता है। यह एक आसान लेकिन बहुत ही प्रभावशाली आसन है। इस आसन को करने से लीवर मजबूत होता है और शरीर से हानिकारक तत्वों को सुचारू रूप से बाहर करता है।

  • इस आसन को करने के लिए सबसे पहले पीठ के बल लेट जाएं।
  • अब शरीर के निचले और उपरी हिस्से को ऊपर की तरफ इस तरह उठायें की शरीर का पूरा भार नितम्बों पर रहे।
  •  इस अवस्था में जितनी देर हो सके उतनी देर रहें।
  •  अब आराम की अवस्था में आ जाएं और आसन को फिर से दोहराएं।

5. अर्ध मत्स्येन्द्र योग:

यह योगासन लीवर के लिए काफी फायदेमंद योगासन है। इस योगासन में लीवर पर प्रभाव पड़ता है जिस से लिवर मजबूत होता है तथा लीवर में होने वाली समस्या जैसे फाइब्रोसिस, एपोपटोसीस के होने की संभावना बहुत कम हो जाती है।

  • सबसे पहले अपने दोनों पैरों को सामने की ओर फैलाते हुए बैठ जाएं।
  • रीढ़ की हड्डी सीधी रखें और बाएं पैर को मोड़ते हुए बाएं पैर की एड़ी को दायें कुल्हे के पास रखें।
  • दायें पैर को सामने की तरफ घुटने के ऊपर रखें।
  • बाएं हाथ को दाहिने घुटने पर रखते हुए दाहिने हाथ को पीछे रखें।
  • गर्दन, कंधे और कमर को दायें तरफ से मोड़ते हुए कंधे के दायें तरफ से देखें।
  • इस अवस्था में गहरी सांस लें।
  • सांसे छोड़ें और दायें हाथ को ढीला छोड़ते हुए कमर छाती और गर्दन को भी ढीला छोड़े। आराम की अवस्था में बैठ जाएं।
  • इस प्रक्रिया को अब दूसरी तरफ से दोहराएं। [ये भी पढ़ें: ड्डियों को मजबूत रखने में मदद करते हैं यह योगासन]
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