व्यस्त महिलाओं के लिए योगासन

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Best Yoga Poses For Busy Women

बेहतर स्वास्थ्य के लिए योगासन बहुत प्रभावी होता है चाहे वो पुरूष हो, महिला हो या फिर बच्चे हो। यह आपके शरीर को ऊर्जा प्रदान करता है और साथ ही शरीर को ताकत और मजबूती भी देता है। लेकिन कई महिलाएं ऐसी होती हैं जो घर और ऑफीस के काम की वजह से इतनी व्यस्त होती हैं कि उनके पास योगा करने का पर्याप्त समय नहीं होता है। लेकिन कुछ ऐसे योगा होते हैं जिनको करने के लिए कम समय की जरूरत होती है, लेकिन यह आपके शरीर को पर्याप्त स्वास्थ्य लाभ प्रदान करते हैं। इसके अलावा यह आपके इम्यून सिस्टम को भी मजबूत करते हैं और इम्यूनिटी बढ़ाते हैं जिससे आपको जल्दी थकावट महसूस नहीं होती है और आप पूरे दिन ऊर्जावान महसूस करती हैं। आइए जानते हैं ऐसे योगासन के बारे में जिसका अभ्यास व्यस्त महिलाएं आसानी से कर सकती हैं। [ये भी पढ़ें: योगासन जो आपकी खूबसूरती को बरकरार रखते हैं]

बालासन:

सबसे पहले जमीन पर बैठ जाएं और अपनी एड़ी को पीछे की तरफ मोड़ लें। अब अपने माथे को जमीन की तरफ झुकाएं और गहरी सांस लें। इसके बाद अपने दोनों हाथों को जमीन पर रखते हुए हथेली को ऊपर की तरफ रखें। अब अपने दोनों हाथों को जांघों से टच करवाते हुए पीछे की तरफ लें जाएं और थोड़ी देर अपनी कोहनी को आराम दें। इसके बाद माथे को जमीन पर रखें और इस मुद्रा में 2-3 मिनट तक रहें और धीरे से सांस छोड़ते हुए वापस सामान्य स्थिति में आ जाएं।

इसके लाभ:
इसका नियमित रूप से अभ्यास करने से शरीर में लचीलापन आता है और साथ ही आपका पीठ से जुड़ी समस्या दूर हो जाती है। इसके अलावा यह आपके कुल्हों को राहत प्रदान करता है। [ये भी पढ़ें: कौन सा योगा गर्मी से लड़ने में मदद करता है]

अधोमुख श्वान आसन:

इस आसन को करने के लिए हाथों और पैरों के बल खड़ें हो जाएं और आपके पीठ का ऊपरी हिस्सा ऊपर की तरफ करें। सांस को छोड़ते हुए कमर को ऊठाएं और अपने शरीर को वी-शेप में लें आएं। ध्यान रहे कि आपके हाथ कंधो के जितने दूरी पर हों और पैर कमर के दूरी के बराबर और एक दुसरे के समानांतर हों। पैरों की अंगुलियां बिल्कुल सामने की तरफ हों। अब अपनी हथेलियों को जमीन पर रखें। इसके बाद धीरे से सांस छोड़ते हुए अपने सामान्य अवस्था में आ जाएं।

इसके लाभ:
इसका नियमित रूप से अभ्यास करने से आपके शरीर का बल्ड सर्कुलेशन बेहतर होता है और साथ ही आपके शरीर के ऊपरी हिस्से में ताकत और मजबूती भी आती है।

वीरभद्रासन:

वीरभद्रासन का अभ्यास करने के लिए पैरों को फैला लें और सीधे खड़ें हो जाएं। अपने दाएं पैर को 90 डिग्री और बाएं पैर को 15 डिग्री तक मोड़ लें। अब अपने दोनों हाथों को कंधों तक उठाएं। ध्यान रहे कि आपकी हथेलियां खुली होनी चाहिए। अब अपने सिर को दाहिनी तरफ घुमाएं और हाथों को थोड़ा खींचें। आपका शरीर एक योद्धा की तरह होना चाहिए। कुछ सेकंड इस मुद्रा मं रहें और फिर पहले की मुद्रा में आ जाएं।

इसके लाभ:
यह आपके हाथों और पैरों को ताकत प्रदान करता है और साथ ही आपके कोर मसल्स को भी बनाने के लिए प्रभावी होता है। इसके अलावा यह जांधों और टखनों को मजबूत करता है और उनमें खिंचाव लाता है।

उत्कटासन:

इस आसन को करने के लिए सीधा खड़ें हो जाएं और दोनों घुटनों को मुड़ते हुए थोड़ा झुक जाएं और दोनों हाथों को कंधें की सीध में आगे की तरफ सीधा कर लें। थोड़ी देर इस आसन में रहें और ध्यान रहे कि आपके घुटने अंगुलियां से आगे ना जाएं। धीरे-धीरे नीचे की तरफ जाएं और सुखासन की मुद्रा में बैठ जाएं। कुछ सेकंड के बाद सामान्य मुद्रा में आ जाएं।

इसके लाभ:
इसका नियमित रूप से अभ्यास करने से पीठ के निचले हिस्से को मज़बूती मिलती है और साथ ही शरीर का संतुलन भी बना रहता है। [ये भी पढ़ें: शरीर में उर्जा के स्तर को बढ़ाने के लिए योगासन]

 

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