आदतें जिनके कारण आपकी फिटनेस नहीं बढ़ पाती है

workout habits behind your fitness plateau

अपने शरीर को फिट बनाने और संपूर्ण फिटनेस पाने के लिए लोग जिम जाकर एक्सरसाइज करते हैं। लेकिन काफी दिनों से वर्कआउट करने पर आपकी मसल्स को इस रूटीन की आदत पड़ जाती है और एक्सरसाइज करने पर चुनौती महसूस नहीं होती है। यही संकेत बताते हैं कि आपकी फिटनेस बढ़नी बंद हो गई है और आपको कुछ आदतों को बदलना चाहिए। इन आदतों को दोहराते रहने से मसल्स की ताकत और विकास रुक जाता है। आइए जानते हैं कि कौन-सी आदतों के कारण आपकी फिटनेस बढ़ना बंद कर देती है। [ये भी पढ़ें: चेस्ट मास बढ़ाने और बेंच प्रेस को बेहतर बनाने के टिप्स]

1. हमेशा एक ही इंटेंसिटी के साथ वर्कआउट करना:
workout habits behind your fitness plateauआपकी फिटनेस वर्कआउट करने की इंटेंसिटी पर निर्भर करती है। दरअसल अपने कम्फर्ट लेवल से बाहर ना आने की आदत की वजह से लोग हमेशा सामान्य इंटेंसिटी के साथ वर्कआउट करते रहते हैं। बेहतर परिणाम पाने के लिए आपको थोड़े-थोड़े समय बाद अपने वर्कआउट की इंटेंसिटी को बदलते रहना चाहिए। जिसके लिए आप हाई-इंटेंसिटी या इंटरवल ट्रेनिंग का विकल्प अपना सकते हैं।

2. एक ही रूटीन अपनाना: एक ही वर्कआउट रूटीन अपनाने से आपकी शारीरिक ताकत असंतुलित हो जाती है। क्योंकि एक जैसी एक्सरसाइज आपकी कुछ ही मसल्स को ताकतवर बनाती है, जबकि दूसरी अन्य मसल्स कमजोर ही रह जाती हैं। इसलिए कुछ हफ्तों बाद अपने वर्कआउट रूटीन में बदलाव करते रहना चाहिए, जिससे शरीर की सभी मसल्स मजबूत बनती है और फिटनेस बढ़ती है। [ये भी पढ़ें: शरीर की ताकत बढ़ाने के लिए उपयोगी खाद्य पदार्थ]

3. वर्कआउट जल्दी खत्म कर लेना: कई लोग अपने वर्कआउट सेशन को दूसरे लोगों की अपेक्षा जल्दी पूरा कर लेते हैं और सोचते हैं कि ऐसा उनकी फिटनेस के कारण होता है। लेकिन यह भी एक संकेत है कि आपकी मसल्स को वर्तमान वर्कआउट से प्रभाव पड़ना बंद हो गया है और फिटनेस रुक गई है। इसलिए ऐसी स्थिति में नयी एक्सरसाइज या ट्रेनिंग के तरीके को अपनाएं।

4.रोजाना जिम में जरुरत से ज्यादा वर्कआउट करना: अगर आप रोजाना जिम में कई घंटे एक्सरसाइज करते हैं, तो यह ओवर ट्रेनिंग का कारण बन सकता है। फिटनेस बढ़ाने के लिए 45 मिनट का वर्कआउट सेशन काफी होता है, जिसमें 10 मिनट का वार्म-अप और 30 मिनट का वर्कआउट और 15 मिनट की कूल डाउन प्रक्रिया होती है। ओवर ट्रेनिंग करने से मसल्स पर नकारात्मक प्रभाव पड़ने लगता है और आपकी फिटनेस कम होती रहती है।

5. चोटिल होने पर एक्सरसाइज करना: कई लोग किसी मसल्स के चोटिल होने पर भी वर्कआउट से कुछ दिनों का ब्रेक नहीं लेते हैं। जिस वजह से चोटिल मसल्स और ज्यादा कमजोर होने लगती हैं। शरीर की एक भी मसल्स के कमजोर होने पर संपूर्ण फिटनेस हासिल नहीं हो पाती है और स्थिर हो जाती है। [ये भी पढ़ें: फिट रहने के लिए क्यों जरुरी है हैवी बैग वर्कआउट]

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